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गरुड़ योग कैलकुलेटर

गरुड़ योग विष्णु-वाहन के नाम का योग है — विष-बाधाओं पर विजय और तीव्र उड़ान का सूचक। यह चंद्र-नवांश के स्वामी की उच्च स्थिति और शुक्ल-पक्ष के दिवा-जन्म जैसी शर्तों से बनता है।

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गरुड़ योग कैलकुलेटर के बारे में

चंद्रमा जिस नवांश में है उसका स्वामी उच्च हो और जन्म शुक्ल पक्ष के दिन में — मन की सूक्ष्म जड़ प्रकाशित और पुष्ट: ऐसा जातक विष (छल-शत्रुता) को पचा जाता है, और ऊँचाई पर उड़कर भी दृष्टि पैनी रखता है।

FeelAstro का कैलकुलेटर नवांश-गणना और पक्ष-जाँच करके परिणाम देता है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गरुड़ योग क्या है?

शुक्ल पक्ष के दिवा-जन्म में चंद्र-नवांश स्वामी के उच्च होने से बनने वाला योग — शत्रु/विष-बाधाओं पर विजय, तीव्र उत्थान और वाणी-प्रभाव का दाता।

"विष पर विजय" का क्या अर्थ है?

शास्त्रीय फल-वर्णन में गरुड़-जातक को विष-भय नहीं रहता — व्यावहारिक अर्थ: छल, ईर्ष्या, अपप्रचार जैसी "विषैली" बाधाएँ उसे हानि नहीं पहुँचा पातीं।

शुक्ल-पक्ष दिवा-जन्म की शर्त क्यों?

चंद्र-बल की शर्त है — शुक्ल पक्ष में चंद्र बढ़ता है, दिन में सूर्य-साक्षी: मन प्रकाश-पुष्ट होता है। गरुड़ की उड़ान के लिए यही ऊर्जा चाहिए।

गरुड़ योग का फल किन क्षेत्रों में दिखता है?

प्रतिस्पर्धी-राजनीतिक क्षेत्र, क़ानून, पत्रकारिता — जहाँ विरोध झेलकर ऊँचा उठना है; तथा हर वह काम जहाँ ऊँचाई से पैनी दृष्टि चाहिए।

फल कब मिलता है?

चंद्रमा और नवांश-स्वामी की दशाओं में — प्रायः किसी विरोध/संकट पर निर्णायक विजय के प्रसंग से योग की पहचान होती है।